श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद सुलझाने के लिए लगी लोक अदालत में नहीं पहुंचा मुस्लिम पक्ष, हिंदू पक्ष चाहता है ये समझौता

Shri Krishna Janmabhoomi-Shahi Idgah Case

Shri Krishna Janmabhoomi-Shahi Idgah Case

मथुरा : Shri Krishna Janmabhoomi-Shahi Idgah Case: सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशन में आज मथुरा विशेष लोक अदालत में श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह प्रकरण को लेकर सुनवाई हुई. श्री कृष्ण जन्मभूमि पक्षकार, हिंदू पक्षकार और सात याचिकाकर्ता सुनवाई में शामिल हुए, लेकिन मुस्लिम पक्ष की तरफ से कोई भी पक्षकार और अधिवक्ता लोक अदालत में नहीं पहुंचा. अब 21, 22 और 23 अगस्त को सर्वोच्च न्यायालय में इस प्रकरण की सुनवाई होगी.

मथुरा श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद प्रकरण को लेकर सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशन में मथुरा विशेष लोक अदालत में सुनवाई निर्धारित की गई थी. आज दोपहर 2:00 बजे के बाद श्री कृष्ण जन्मभूमि पक्षकार और अधिवक्ता न्यायालय में उपस्थित हुए, लेकिन मुस्लिम शाही ईदगाह मस्जिद की तरफ से कोई भी पक्षकार अधिवक्ता उपस्थित नहीं हुआ. सात याचिकाकर्ताओं ने सर्वोच्च न्यायालय में याचिका दाखिल कर कहा था कि मथुरा जनपद के न्यायालय में एक बार सुलह वार्ता आयोजित की जाए.

हिंदूपक्षों की अपील सुनी गई : जनपद के विशेष लोक अदालत में श्री कृष्ण जन्मभूमि विवाद को लेकर हिंदू पक्षकार अधिवक्ताओं की अपील न्यायालय में सुनी गई. करीब एक घंटे तक श्री कृष्ण जन्मभूमि से संबंधित साक्ष को न्यायालय में रखा गया. मुस्लिम शाही ईदगाह मस्जिद के पक्ष का इंतजार किया गया, लेकिन मुस्लिम पक्ष की तरफ से कोई भी नहीं आया और ना ही कोई जवाब दाखिल किया गया. इसलिए न्यायालय के विशेष लोक अदालत में सुलह वार्ता फेल हो गई.

18 याचिका न्यायालय में विचाराधीन : श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद प्रकरण को लेकर सनातन हिंदू धर्म साधु संत समाजसेवी के द्वारा 18 याचिकाएं न्यायालय में विचाराधीन हैं, जबकि मामला सर्वोच्च न्यायालय में भी पहुंच चुका है. सर्वोच्च न्यायालय में सात याचिकाकर्ताओं ने प्रार्थना पत्र दिया और कहा कि मथुरा विशेष अदालत में दोनों पक्षों को बैठक सुलहा कराया जाए ताकि मामला सुलझ सके.

मस्जिद के लिए जनपद से बाहर जगह देने का विचार : शाही ईदगाह मस्जिद के लिए कुछ हिंदू पक्षकारों ने जनपद से बाहर जगह देने की बात कही, लेकिन मुस्लिम पक्ष तैयार नहीं है और विशेष लोक अदालत में नहीं पहुंचे. अधिवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया, श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद विवाद में 7 एसएलपी प्रार्थना पत्र सर्वोच्च न्यायालय में दाखिल किए गए थे. सभी प्रार्थना पत्रों को कोर्ट के द्वारा मथुरा न्यायालय के लिए रेफर कर दिया गया था.

हिंदू पक्षकार और मुस्लिम पक्षकार अगर एक जगह बैठकर समझौता करते हैं, तो इस पर विचार न्यायालय के द्वारा किया जाएगा. आज न्यायालय में सुलह वार्ता की गयी. न्यायालय में हिंदू पक्ष उपस्थित हुआ, लेकिन शाही ईदगाह मस्जिद के पक्षकार न्यायालय में उपस्थित नहीं हुए. हिंदू पक्षकारों ने मुस्लिम मस्जिद के लिए जगह ब्रज से बाहर देने का प्रस्ताव दिया है. अब सुनवाई 21, 22 और 23 अगस्त को सर्वोच्च न्यायालय में होगी.